बुधवार, 4 जून 2014

ब्लड डोनेशन सम्बन्धी मिथक

रक्त दान, जीवन दान के समान होता है। मगर इस दान के सन्दर्भ में भी बहुत से भ्रम छिपे हुए है। आइयें जानते है ब्लड डोनेशन या रक्त दान सम्बन्धी कौन से मिथक है और असल में वास्तविकता क्या है। 
 
 
मिथक : रक्त दान  करने से शरीर में रक्त की कमी हो सकती है। 
वास्तविकता  : रक्त दान करने पर शरीर से ज्यादा नही बल्कि केवल 350 से 450 एम एल खून ही लिया जाता है जिसे आसानी से शरीर दुबारा बना लेता है। 
 
मिथक : रक्त दान करने से इन्फेक्शन या एच आई वी होने की आशंका रहती है। 
वास्तविकता : गलत। यदि ब्लड डोनेट करते समय सभी हाइजीन के नियमों का और नई सुई का प्रयोग किया जाये तो संक्रमण होने की कोई आशंका ही नही रहेगी। 
 
 
मिथक : शुगर रोगी रक्त दान नहीं कर सकता है। 
वास्तविकता : गलत।  यदि आपको शुगर की बिमारी है मगर आप केवल दवाइयों का सेवन करते है और इंसुलिन के इंजेक्शन नहीं लेते है तो आप भी ब्लड डोनेट कर सकते है। 
 
 
मिथक : यदि कोई शाकाहारी ब्लड डोनेट करे तो उसके शरीर में आयरन की कमी हो सकती है। 
वास्तविकता : ब्लड डोनेट करने में शरीर से जितने भी आयरन की मात्रा निकलती है, उसे आपका शरीर 3 से 4 सप्ताह में फिर से बना लेता है। 
 
 
मिथक : यदि आप दवाइयों का सेवन करते है तो आप ब्लड डोनेट नहीं कर सकते है। 
वास्तविकता : ऐसा जरुरी नहीं है।  इस बात की सही जानकारी आपके डॉक्टर ही दे सकते है। 
 
आपके रक्त दान करने से बहुतों को जीवन मिल सकता है।  

बुधवार, 28 मई 2014

ताज़गी का अजूबा है खरबूजा

गर्मियों के दिनों में ठंडक पाने के लिए हम क्या क्या नहीं करते है। हम सभी जानते है कि  एसी, कूलर, फ्रीज़ से ठंडक तो मिलती है मगर कुछ ऐसे भी फल है जिनसे आपको ठंडक मिल सकती है।  आज हम ऐसे ही ठंडक भरे खरबूज की बात करने जा रहे है।

  • पानी से लबालब इस फल का सेवन करने से गर्मियों में शरीर में होने वाली पानी की कमी को दूर किया जा सकता है।  \
  • यदि आप इस गर्मी में वजन कम करने का सोच रहे है तो खरबूज आपकी इसमें मदद कर सकता है। इसमें कैलोरी और शुगर दोनों ही काम मात्रा में होते है। 
  • यह विटामिन सी और ए का बेहतरीन स्रोत होता है।  और यह दोनों विटामिन इम्युनिटी को मजबूत बनाने में सहायक होते है। 
  • इसका पोटैशियम हाई बीपी के रोगियों के ब्लड प्रेशर को नियंत्रित करता है। 
  • इसे खाने से स्किन भी स्वस्थ होती है। आप चाहे तो आप इसका प्रयोग होममेड स्किन मास्क बनाने के लिए भी कर सकते है। 
  • बालों के लिए भी यह बहुत फायदेमंद होता है। आप चाहे तो पिसे हुए खरबूज का प्रयोग कंडीशनर की तरह भी कर सकते है। 
 

बुधवार, 21 मई 2014

बालों की चमक उड़ाता धूम्रपान

धूम्रपान हमारें शरीर को नुकसान पहुंचता है। मगर क्या आप जानते है कि धूम्रपान करने से न सिर्फ आपका शरीर भीतर से खराब होता है बल्कि इसका सेवन करने से आपकी सुंदरता पर भी असर पड़ता है। यह स्किन को नुकसान पहुंचाने के साथ साथ आपके बालों को भी क्षतिग्रस्त करता है। आइयें जानते है कैसे :
  • जो लोग धूम्रपान करते है उनके बाल झड़ने का एक कारण धूम्रपान करना भी हो सकता है। धूम्रपान न करने वालों की तुलना में धूम्रपान करने वालों के बाल ज्यादा पतले हो जाते है जो की समय के साथ साथ जल्दी झड़ने भी लगते है।  
  • धूम्रपान बालों के डीएनए को क्षतिग्रस्त करता है जिस कारण बाल तेजी से झड़ते है और लोग गंजेपन का शिकार हो जाते है। 
  • साथ ही धूम्रपान शरीर में तनाव को काम करने की जगह बढ़ाता है जिस का प्रभाव बालों और स्किन पर पड़ता है। 
  • धूम्रपान से प्रदुषण भी बढ़ता है। प्रदूषण से बाल और स्किन को नुकसान पहुँचता है इस बात को हम सभी जानते हैं। 
  • धूम्रपान करना छोड़े ताकि आपका शरीर तनाव मुक्त हो सकें। 
धूम्रपान छोड़ने पर यह न सोचे कि आपके झड़े हुए बाल फिर से वापिस आ जायेंगे।  मगर हाँ इससे आपके शरीर को बहुत लाभ अवश्य मिलेगा। 

बुधवार, 14 मई 2014

ब्लेम गेम पर लगाएं विराम

अक्सर बच्चे जिम्मेदारी लेने से घबराते है और जब उन्हें कोई जिम्मेदारी दी जाती है तो वे आरोप लगाने में ज्यादा बिजी रहते है। आइयें जानते है की आखिर बच्चे क्यों ब्लेम गेम खेलना ज्यादा पसंद करते है। 
 
जब आप सवाल करते है की उसने होमवर्क क्यों नहीं किया है तो आपका बच्चा कभी समझ न आने का बहाना करता है तो कभी टीचर ने ठीक से नहीं समझाया का राग अलापता है।  मगर इन् सब आरोपों में बीच में बच्चा काम करने से बच जाता है।  इससे बचने के लिए आपको थोड़ी से समझदारी दिखानी जरुरी है। 
 
कैसे निपटे इस समस्या से :
  • सबसे पहले जब भी आपका बच्चा अपनी गलती को दूसरों पर डालना करे उसे तुरंत रोकें। यदि उसे स्कूल में कुछ समझ नही आया तो उसने टीचर से क्यों नही पूछा।  क्यों उसने यह बात घर पर आकर नही बताई। ऐसा करने पर आपके बच्चे को यह समझ आ जायेगा की बहाने या किसी और को ब्लेम करने से वो काम करने से बचने वाला नहीं है। 
  • उसे इस बात को समझाए की उसे जो भी काम दिया गया है उसे पूरा करना उसकी जिम्मेदारी है। और यदि वह ऐसा नही करता है तो इससे उसी का नुकसान होगा। 
  • बच्चे को समझाएं की यदि वह किसी भी काम को इस डर से नही कर रहा है की कहीं उससे काम गलत न हो जाएँ तो आप उसे समझाएं की काम करने पर यदि कोई गलती हो तो परेशान न हो। गलतियां वहीँ करते है जो किसी काम को पूरा करने की जिम्मेदारी लेते है। 

गुरुवार, 8 मई 2014

आहार में क्या करें शामिल

सब के पोषण का ध्यान रखने वाली आपकी माँ क्या खुद के पोषण का ध्यान रख ? बैलेंस भोजन का सेवन करना, स्वस्थ रहने का सबसे बड़ा मूल मन्त्र है। आइयें आज  हम जानते है की मा को किन चीज़ों को अपने आहार में शामिल करना चाहिए। 
 
  •  दूध और उससे बने खाद्य पदार्थ : दूध में कैल्शियम प्रचुर मात्रा में होता है इसलिए अपने भोजन में इससे अवश्य शामिल करें।  यह बढ़ती उम्र में भी आपकी हड्डियों को मजबूत बनाये रखने में मदद करेंगे। 
  • ओट : ओट आपको पोषण देने के साथ आपके शरीर में ब्लड प्रेशर और हार्ट को भी स्वस्थ रखता है। 
  • पालक और हरी सब्जी : इसका सेवन करने से आपके श्री में मैग्नीशियम की कमी नहीं होती है। 
  • ओमेगा 3 फैटी एसिड : इसके लिए अपने आहार में मेवों विशेष रूप से अखरोट को शामिल  करें। 
  • क्रैनबेरी जूस : इससे आपके हार्ट सम्बन्धी समस्या, ब्रैस्ट कैंसर या यूरिन सम्बन्धी समस्या से बचा जा सकता है। 
  • पानी : प्रचुर मात्रा में पानी का सेवन अयश्य करें।  पानी शरीर को भीतर से साफ़ करने के साथ हाइड्रेट भी रखता है। 
नियमित रूप से अपनी मेडिकल जाँच कराते रहें ताकि किसी भी स्वास्थ्य समस्या को शुरुआती दौर में ही पकड़ा जा सकें।