गुरुवार, 9 जनवरी 2014

ब्रॉकली और उसके लाभ

ब्रॉकली, फूलगोभी परिवार का एक प्रकार है। इसका आकर और बनावट फूलगोभी की ही तरह होता है मगर इसका रंग हरा होता है। हरे रंग की इस गोभी को ही ब्रॉकली या हरी गोभी कहते है। आइये आज हम इसकी विशेषताओं पर एक चर्चा करते है। 
  • ब्रॉकली में पोटैशियम की मात्रा अधिक होती है जोकि शरीर के नर्वस सिस्टम को दुरुस्त रखने में मदद करता है।
  • इसमें फाइबर प्रचुर मात्रा में होता है और अगर ब्रॉकली को स्टीम कर खाया जाये तो यह कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करने में सहायक साबित हो सकता है। 
  • मैग्नीसियम और कैल्शियम का स्रोत होने के कारण यह ब्लड प्रेशर को भी नियंत्रित करता है। 
  • यह शरीर के डेटोक्सीफिकेशन में भी काफी सहायक है। 
  • कई रिसर्च इस बात का प्रमाण भी देते है कि ब्रॉकली कैंसर से बचाव कर सकती है। 
  • ब्रॉकली विटामिन ए का भी स्रोत है इसलिए कई रिसर्च इस बात का भी प्रमाण देते है कि ब्रॉकली का सेवन करने से उम्र के बढ़ने पर आँखों से सम्बन्धी समस्याओं से भी बचाव करती है। 
  • अगर आप डाइटिंग करने की सोच रहें है तो ब्रॉकली आपकी इसमें बहुत मदद कर सकती है। 

गुरुवार, 2 जनवरी 2014

नया साल, नए ब्यूटी रेज़लूशन्स

नया साल शुरू हो गया है और सभी कुछ न कुछ नए रेज़लूशन्स या संकल्प ले रहें है। आपने भी बहुत से संकल्पों के बारें में सोचा होगा। पर इस नए साल में सिर्फ अपने आचार-विचार या फिर टाइम मैनेजमेंट के लिए ही रेज़लूशन्स न बनाए बल्कि इस बार अपनी स्किन, अपनी ब्यूटी के लिए कुछ ब्यूटी रेज़लूशन्स ले। आइयें ऐसे ही कुछ ब्यूटी रेज़लूशन्स के बारें में चर्चा करते है।
  • सबसे पहले, हर रोज सोने से पहले अपना चेहरा अवश्य धो कर सोएं। अगर आप इस क्रिया को करने में बहुत आलस दिखाते है तो अपने लिए वेट वाइप्स खरीद ले। सोने से इन्हीं वेट वाइप्स से अपने चेहरे को साफ करें।
  • अपने मेकअप को किसी के साथ भी शेयर न करें। 
  • मेकअप बैग को महीने में एक बार अवश्य साफ़ करें। साथ ही उसमे से उन् ब्यूटी प्रोडक्ट्स को बाहर निकाल दे जो एक्सपाइर हो गए है। 
  • हमेशा अपने ब्यूटी ब्रश को को सप्ताह में एक बार अवश्य साफ़ करें। 
  • मौसम चाहे जो भी आप सनस्क्रीन को प्रयोग अवश्य करें। 
  • फाउंडेशन का प्रयोग करें। ये आपकी स्किन को बाहरी प्रदुषण से बचाता है और आपकी स्किन को एक सामान लुक भी देता है। फाउंडेशन खरीदते समय अपने हाथ कि स्किन पर टेस्ट करने कि बजाय अपने गालों पर इसे चेक करें। 
  • नियमित रूप से हेयर कट अवश्य कराएं। साथ ही अपने बालों के साथ कुछ एक्सपेरिमेंट भी करते रहें। न्यू हेयर कट्स आपके लुक को निखारने और ताज़गी देने में मदद करेगा। 
  • जब भी फेस क्रीम लगाएं उसे केवल चेहरे तक ही न लगाये। चेहरे के साथ उसे अपने गर्दन पर भी लगाएं। 
  • स्किन कि नमी को बचने के लिए नहाने के तुरंत बाद ही बॉडी आयल या बॉडी लोशन का प्रयोग करें। 
  • खूब सारा पानी पियें। इससे आपकी स्किन में निखार आएगा। 
  • अपनी ब्यूटी स्लीप अवश्य ले।  दिन में कम से कम 7 से 8 घंटे की नींद अवश्य ले। 
 

गुरुवार, 19 दिसंबर 2013

कैसे पाएं फिर से वहीँ प्यार

शादीशुदा जीवन की शुरुआत में जो स्पार्क या चमक आपके सम्बन्धों में होती है वह वक्त के साथ-साथ धीरे-धीरे कम होने लग जाती है। कई बार तो अपने सम्बन्धों की इसी नीरसता के कारण कुछ लोग अपने इस सम्बन्ध को बरकरार रखने में भी असफल हो जाते है। आइये जानते है कि कैसे आप अपने जीवनसाथी के साथ जीवन भर उतने ही उत्साह और जोश के साथ अपने सम्बन्धों को जीवित रख सकते है। 
 
प्यार दिखाएं :
 
शादीशुदा जीवन का अर्थ केवल सेक्स या शारीरिक सम्बन्ध नहीं होता है। अगर आपका व्यवहार अपने जीवनसाथी के प्रति अच्छा और केयरिंग रहेगा तो अपने सम्बन्धों में कभी भी कड़वाहट नहीं आएगी। इसलिए अपने जीवनसाथी के लिए आपका जो प्यार आपके मन में है उसे एक्सप्रेस भी करें। ताकि आपका प्यार और केयर उन्हें भी दिखायी दे जिनसे आप इतना प्यार करते है। 
 
बात करें :
 
अगर आपकी सेक्स लाइफ में कुछ परेशानी है तो अपने जीवनसाथी से उस पर खुल कर बात करें। जब तक आप अपनी पसंद या नापसंद को अपने जीवनसाथी के साथ शेयर नही करेंगे तब तक सम्बन्धो में मिठास नही आ पायेगी। इसलिए अपने दाम्पत्य जीवन को बचाने के लिए अपने जीवनसाथी को अपने दिल की बात कहें और उनके दिल की भी सुनें। 
 
 
कहीं घूमने जाएं :
 
अपने संबधों को जीवित रखने के लिए अपनी पत्नी के साथ हनीमून पर जाएं। हनीमून जीवन में केवल एक बार नही होता है. इसलिए हनीमून पर जाएँ, जहाँ आप अपना सारा समय अपनी सारी परेशानियों को भूल कर दें। इससे अपने सम्बन्धों में फिर से निखार आएगा। 
 
 
गिफ्ट्स दे :
 
गिफ्ट्स न सिर्फ आपको स्पेशल होने का अहसास दिलाते है बल्कि ये आपको ख़ुशी भी देते है।  इसलिए अपने प्रिय के लिए सरप्राइज गिफ्ट्स खरीदते रहें ताकि आप उन्हें वोह ख़ुशी दे सके जो आप उन्हें देना चाहते है। 
 
 
परामर्श ले :
 
कई बार उम्र के बढ़ने के साथ-साथ सेक्स सम्बन्धी परेशानियां भी जन्म लेने लगती है। अगर आप या आपके जीवनसाथी भी कुछ इसी तरह कि परेशानी से गुजर रहें है तो उनसे इसके बारें में बात अवश्य करें। 
 
 
याद रहें, आप जैसा प्यार और केयर अपने जीवनसाथी से पाना चाहते है आपका वैसा ही प्यार और केयर पहले उन्हें देना होगा। 

गुरुवार, 12 दिसंबर 2013

क्या बेहतर विकल्प हैं आर्गेनिक फ़ूड

पौष्टिक भोजन यानी स्वस्थ काया। मगर आजकल की इस मिलावट में शुद्ध व् पौष्टिक भोजन का मिल पाना आसान काम नहीं है। आर्गेनिक फ़ूड ने इस परेशानी को काफी हद तक दूर किया है। आइये आज इसी के बारें में कुछ बात करते है।

बाजार में आर्गेनिक फ़ूड की खूब धूम मची हुई है। पर क्या यह वाकई में यह पौष्टिक होते है? और क्या इनका नियमित सेवन करने से लाभ मिल सकता है ?आइये जानते है।

आर्गेनिक फ़ूड है क्या :

आर्गेनिक फ़ूड उन्हें कहते है जिन्हे उगाते समय किसी प्रकार के पेस्टीसाइड  या कोई अन्य केमिकल का प्रयोग नहीं किया गया हो। किसी प्रकार के केमिकल का प्रयोग न होने के कारण यह स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी होते है।

कितने है लाभकारी :

आर्गेनिक फ़ूड स्वास्थ्यकारी है या नहीं, इस पर एक विवाद चल रहा है। पर अगर आप देखे तो इस बात को नकार नहीं जा सकता है कि यह आर्गेनिक फ़ूड स्वास्थ्यकारी है। आज जिस तरह की खेती हो रही है उसमें तरह तरह के पेस्टीसाइड और केमिकल का प्रयोग हो रहा है। और यह केमिकल फलों और सब्जियों के भीतर तक चले जाते है, जिनका सेवन करने पर यह केमिकल सीधे हमारे शरीर में प्रवेश कर जाते है।
मगर आर्गेनिक फ़ूड में इनका प्रयोग न होने के कारण पेस्टीसाइड का शरीर के भीतर जाने के खतरा ही नहीं होता है। 

पर आर्गेनिक फ़ूड पूरी तरह से केमिकल से बच नही पाते है। इसका कारण है वो खेत जिन पर आर्गेनिक खेती हो रही है। आर्गेनिक खेती में किसी प्रकार के केमिकल का प्रयोग नहीं होता है मगर यह सम्भव है कि जिस खेत में खेती हो रही है हो सकता है उसकी मिटटी में पेस्टीसाइड या केमिकल हो। अगर ऐसा है तो उन् केमिकल का फलों व् सब्जियों में आना स्वाभाविक है। फिर भी आर्गेनिक फ़ूड में आधुनिक तकनीक से की गयी खेती से कहीं कम मात्रा में पेस्टीसाइड और केमिकल होते है।

इन सबके अलावा आर्गेनिक फ़ूड में पोषक तत्वों की मात्रा सामान्य खेती से कहीं अधिक होती है। आर्गेनिक फ़ूड में विटामिन सी जैसे पोषक तत्व सामान्य खेती से कहीं अधिक होते है। साथ ही यह वातावरण के लिए भी अच्छे होते है।

आर्गेनिक फ़ूड स्वास्थ्यकारी तो है मगर इनकी कीमत समय से कहीं आधिक होती है। जोकि आपके घर के बजट को थोडा सा हिला सकता है। 

गुरुवार, 5 दिसंबर 2013

कैसे करे विंटर हेयर केयर

जाड़े की सर्द हवाएं न सिर्फ आपकी स्किन को बल्कि आपके बालों को भी नुक्सान पहुंचाती है। इसलिए इस विंटर न सिर्फ अपनी स्किन के साथ-साथ अपने बालों को भी इस मौसम में स्वस्थ रखें। कैसे करें विंटर केयर आइयें जानते है। 
  • बालों को रखे सूखा:
प्रयास करें कि आप घर से बाहर निकलने से पहले अपने बालों को सूखा लेंगे। इसके लिए या तो अपने बालों को हेयर ड्रायर करें फिर आप बालों को बहार निकलने से पहले कई घंटे पहले धो ले। ताकि जब आप बाहर निकले तो आपके बाल सूखे हो।

  • नियमित रूप से बाल धोएं:
अक्सर सर्दी के मौसम में कई लोग अपने बालों को सप्ताह में एक में एक बार धोते है। ऐसा बिलकुल भी न करें। बाल प्राकृतिक रूप से तेल छोड़ते है और यदि आप कई दिन तक बाल नहीं धोएंगे तो आपके बालों की सेहत बिगड़ सकती है। इसलिए अपने बालों को रोज या फिर सप्ताह में तीन बार अवश्य धोये।

  • कंडीशनर करें :
बालों को केवल शैम्पू न करें बल्कि उसे कंडीशनर करना भी न भूले। इससे बालों की नमी बनी रहेगी।

  • बालों को ढक कर निकले :
सर्दी के मौसम में बाहर की नमी और ओस की बूंदें आपके बालों को नुक्सान पंहुचा सकते है। इसे बाल कमजोर होकर गिर भी सकते है। इसलिए अपने बालों को धक् कर निकले ताकि आपके बाल स्वस्थ रह सकें।

  • कंघी अवश्य करें :
बालों पर कंघी करना न भूले। आप जितनी बार कंघी करेंगे आपके बाल उतने ही स्वस्थ रहेंगे।

  • तेल लगाना न भूले :
मौसम चाहे कोई भी हो अपने बालो को नरिश करने के लिए अपने बालों पर तेल लगाना बिलकुल न भूले। इससे आपके बाल भीतर से स्वस्थ बन पाएंगे।

अपने बालों का ख्याल रखे और अपने बालों को चमकदार बनायें।